जमुई में मजदूर से हुआ प्यार,युवती घर से भागी; पत्नेश्वर धाम में परिवार की मर्जी के खिलाफ की शादी

Last Updated: November 21, 2025

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बिहार के जमुई जिले में मंगलवार को पत्नेश्वर धाम मंदिर एक अनोखे प्रेम विवाह का साक्षी बना। लखीसराय जिले के भंडारा गांव के रहने वाले गोलू कुमार और महेशपुर गांव की राधा कुमारी ने परिवार की नाराज़गी के बावजूद एक-दूसरे का हाथ थामने का फैसला कर लिया।

रात में घर छोड़कर पहुंचे जमुई

जानकारी के मुताबिक, सोमवार की रात दोनों अपने-अपने घरों से चुपचाप निकल गए। दोनों सीधे जमुई के पत्नेश्वर धाम मंदिर पहुंचे, जहां गोलू ने राधा की मांग में सिंदूर भरकर शादी की सारी रस्में पूरी कीं।
परिवार की तरफ से इस रिश्ते को मंजूरी नहीं मिलने के कारण दोनों ने यह कदम उठाया।

मजदूरी करते हुए हुई थी पहली मुलाकात

गोलू कुमार मजदूरी का काम करते हैं। उन्होंने बताया कि राधा से उनकी पहली मुलाकात महेशपुर गांव के पास तब हुई थी, जब वे उसी इलाके में मजदूरी कर रहे थे। यह मुलाकात दोस्ती में बदली और वक्त के साथ दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे।

वहीं राधा ने बताया कि उनकी पहली मुलाकात मननपुर की एक कपड़े की दुकान पर हुई थी। इसके बाद दोनों की बातचीत बढ़ती गई। लेकिन घरवालों को यह रिश्ता मंजूर नहीं था, जिसके चलते राधा ने घर छोड़कर गोलू के साथ जीवन बिताने का फैसला किया।

खुद से की शादी, मंदिर प्रबंधन अनजान

इस पूरी घटना के बारे में मंदिर के पुजारी राजीव पांडेय ने बताया कि उन्हें इस विवाह की कोई जानकारी नहीं है।
उन्होंने कहा—लड़का-लड़की आए, खुद ही सिंदूर डाला और चुपचाप चले भी गए। हमें किसी बात की कोई जानकारी नहीं दी गई। मंदिर में आने से किसी को रोका नहीं जा सकता। यहाँ रोज़ बहुत से भक्त आते हैं, कौन किस मनसा से आता है, यह जान पाना मुश्किल है।”

नए जीवन की शुरुआत

परिवार की नाराज़गी के बावजूद गोलू और राधा ने साथ रहने का फैसला कर लिया है। दोनों ने मंदिर में शादी कर अपने नए जीवन की शुरुआत कर दी है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि परिवार इस रिश्ते को आगे स्वीकार करता है या नहीं।